राजस्थान के युवाओं के लिए रोजगार और कौशल विकास को लेकर कई स्तरों पर प्रयास किए जा रहे हैं। कौशल विकास, रोजगार और उद्यमिता से जुड़े विभाग की जिम्मेदारी संभाल रहे राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने और उन्हें बदलती इंडस्ट्री की जरूरतों के अनुसार तैयार करने पर जोर दिया है।
युवाओं के कौशल विकास पर फोकस
राज्य सरकार की योजनाओं में युवाओं को केवल रोजगार से जोड़ने के साथ-साथ उन्हें जरूरी कौशल उपलब्ध कराने पर भी ध्यान दिया जा रहा है। कौशल प्रशिक्षण, अप्रेंटिसशिप और रोजगार सहायता के माध्यम से युवाओं को इंडस्ट्री की जरूरतों के अनुसार तैयार करने का प्रयास किया जा रहा है।
आधिकारिक जानकारी के अनुसार, रोजगार से जुड़े प्रयासों में 1,115 नियुक्तियों का अपडेट भी सामने आया है। इसके साथ ही AI और आधुनिक पाठ्यक्रमों को भी कौशल विकास के क्षेत्र में शामिल करने पर जोर दिया गया है।
युवाओं से जुड़ी योजनाओं और कार्यक्रमों की जानकारी के लिए कौशल विकास एवं उद्यमिता विभाग की जानकारी देखी जा सकती है।
रोजगार के लिए लगाए जा रहे कैंप
युवाओं को कंपनियों और रोजगार के अवसरों से सीधे जोड़ने के लिए रोजगार सहायता शिविर भी आयोजित किए जा रहे हैं। जुलाई 2026 में जयपुर के श्री प्रताप स्टेडियम में आयोजित रोजगार सहायता शिविर में विभिन्न क्षेत्रों की कंपनियों ने हिस्सा लिया।
उपलब्ध आधिकारिक जानकारी के अनुसार, इस शिविर में 50 नियोक्ताओं ने करीब 1,321 उम्मीदवारों का चयन किया, जबकि 18 उम्मीदवारों को मौके पर ऑफर लेटर दिए गए।
इन शिविरों में निर्माण, लॉजिस्टिक्स, हॉस्पिटैलिटी, बैंकिंग, हेल्थकेयर, IT और अन्य क्षेत्रों से जुड़े रोजगार अवसर शामिल रहे।
AI और नई तकनीकों पर भी ध्यान
आज के बदलते रोजगार बाजार में डिजिटल और तकनीकी कौशल की मांग बढ़ रही है। इसी को देखते हुए युवाओं को भविष्य की नौकरियों के लिए तैयार करने पर भी जोर दिया जा रहा है।
फरवरी 2026 में कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय के साथ हुई समीक्षा में PM-SETU और अप्रेंटिसशिप कार्यक्रमों को मजबूत करने पर चर्चा हुई। इलेक्ट्रॉनिक्स, इलेक्ट्रिक व्हीकल सर्विसिंग और डिजिटल टेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्रों में भविष्य के कौशल पर भी ध्यान दिया गया।
अप्रेंटिसशिप और रोजगार के नए रास्ते
कौशल प्रशिक्षण के साथ अप्रेंटिसशिप युवाओं को व्यावहारिक अनुभव देने का एक माध्यम है। इससे युवा इंडस्ट्री के कामकाज को समझने के साथ अपने तकनीकी कौशल को भी मजबूत कर सकते हैं।
रोजगार और कौशल विकास के साथ उद्यमिता को भी इस व्यापक योजना का हिस्सा बनाया गया है। इसका उद्देश्य युवाओं के लिए नौकरी के साथ स्वरोजगार और व्यवसाय के अवसरों को भी बढ़ावा देना है।
युवाओं के भविष्य पर फोकस
राज्यवर्धन राठौड़ से जुड़े विभागीय प्रयासों में रोजगार, कौशल प्रशिक्षण, अप्रेंटिसशिप और नई तकनीकों को एक साथ जोड़ने पर ध्यान दिया जा रहा है। बदलती इंडस्ट्री की जरूरतों के अनुसार युवाओं को तैयार करना इस दिशा का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
युवाओं और रोजगार से जुड़े नए अपडेट के लिए आधिकारिक News & Updates सेक्शन देखा जा सकता है।
